
पेड़ बचाओ पेड़ लगाओ हम सबको यह समझना है,
तू तू मैं मैं मत करों साहेब हम सबको पेड़ लगाना है।
गली गली में शोर मचा है हर एक को पेड़ लगाना है,
तू तू मैं मैं मत करों साहेब हम सबको पेड़ लगाना है।
जितना जिसको जमीं है साहेब उसमें ही लगाओ जी,
आम जामून लीची कटहल कुछ भी तुम लगाओ जी।
तभी शुद्ध हवा मिलेगा यह बात सबको समझाना है,
तू तू मैं मैं मत करों साहेब हम सबको पेड़ लगाना है।
आज नहीं लगाओगे पेड़ फिर कल मुश्किल समय होगा,
आने वाला कल फिर अपने बच्चों को मुश्किल होगा।
उनको हवा न पानी आज हमको यह समझना है,
तू तू मैं मैं मत करों साहेब हम सबको पेड़ लगाना है।
चन्दे पासवान उर्फ अलबेला जी मधुबनी बिहार से,












