
हैदराबाद। साहित्य, हिंदी भाषा के प्रचार-प्रसार, समाज सेवा तथा मानवीय मूल्यों के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले देश के विभिन्न राज्यों के साहित्यकारों को नव भारत वार्ता परिवार की ओर से “सितंबर माह का सम्मान” प्रदान किया गया। सम्मानित साहित्यकारों को प्रशस्ति स्वरूप आकर्षक सम्मान पत्र प्रदान कर उनके उज्ज्वल साहित्यिक भविष्य की कामना की गई।
इस सम्मान के अंतर्गत शीलू जौहरी (भरूच, गुजरात), डॉ. मीना कुमारी परिहार ‘मान्या’ (बिहार), पवनेश जी–कल्प कथा साहित्य परिवार (हरियाणा), भगवान दास शर्मा ‘प्रशांत’ (इटावा, उत्तर प्रदेश), डॉ. कृष्णकांत भट्ट (बेंगलुरु), सुनीता बोपचे (मध्यप्रदेश), मंजू अशोक राजाभोज (भंडारा, महाराष्ट्र), नंदकिशोर गौतम (जिला सिवनी, मध्यप्रदेश), डॉ. रुपाली गर्ग (मुंबई, महाराष्ट्र), पूनम कुमारी (बिहार), कुलदीप वर्मा (लखनऊ, उत्तर प्रदेश) तथा कवि राजेंद्र कुमार वर्मा (कोटा, राजस्थान) को सम्मानित किया गया।
नव भारत वार्ता परिवार ने कहा कि इन साहित्य साधकों की लेखनी हिंदी साहित्य को समृद्ध करने के साथ-साथ सामाजिक चेतना, मानवीय मूल्यों और सकारात्मक विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य कर रही है। साहित्य समाज का दर्पण ही नहीं, बल्कि समाज को सही दिशा दिखाने वाली सशक्त शक्ति भी है। ऐसे रचनाकारों को प्रोत्साहित करना नव भारत वार्ता के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है।
नव भारत वार्ता के संस्थापक एवं संपादक डॉ. गुंडाल विजय कुमार ने सभी सम्मानित साहित्यकारों को हार्दिक बधाई देते हुए कहा, “आपका साहित्य हमारी धरोहर है और आपकी कलम समाज का सशक्त स्वर है। साहित्य एवं हिंदी भाषा के प्रति आपका समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणादायी है।”
उन्होंने सभी साहित्यकारों के स्वस्थ, सफल एवं उज्ज्वल साहित्यिक भविष्य की कामना करते हुए कहा कि नव भारत वार्ता भविष्य में भी देश के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय साहित्यकारों और प्रतिभाओं को उचित मंच एवं सम्मान प्रदान करने का प्रयास जारी रखेगा।
सम्मान तिथि : 30 सितंबर 2026
आयोजक : नव भारत वार्ता परिवार
संस्थापक एवं संपादक : डॉ. गुंडाल विजय कुमार












