सम्मानित अशोक कुमार को राज्य पुरस्कार से सम्मानित किया जाना: समर्पण सेवा और संकल्प की गौरव गाथा!
दिनांक 3 दिसंबर 2025 शिक्षा जगत के लिए एक ऐतिहासिक और प्रेरणादाई दिवस के रूप में स्मरणीय बन गया जो माननीय मुख्यमंत्री महोदय द्वारा अशोक कुमार को राज्य पुरस्कार से सम्मानित किया गया यह सामान ने केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धियां की पहचान है बल्कि समर्पण, सेवा, संवेदना, दृष्टिकोण और सतत् परिश्रम का सार्वजनिक अभिनंदन भी है
अशोक कुमार ने शिक्षा के क्षेत्र में विशेषकर सशक्तिकरण के लिए जो निरंतर कार्य किए हैं वह समाज के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण है जैसे ALIMCO द्वारा मोटराइज्ड ट्राय साइकिल, NIEPID द्वारा मंदबुद्धि बच्चों के लिए शिक्षण सामग्री, डिसेबिलिटी अधिनियम 1995 के तहत भारत सरकार की 11 बड़ी डिपार्मेंट में रैम्प क्रियान्व, भारत सरकार के सरकारी विभागों के जॉब में आरक्षण क्रियान्वे, दिव्यांग बच्चों को स्टाइपेंड, एस्कॉर्ट योजना, एडीपी योजना, सुगमय वर्कशीट, होम बेस किट, यूनिक डिसेबिलिटी आइडेंटी कार्ड (UDID कार्ड) आदि l
वर्षों से सीमित संसाधनों और चुनौतियों के बावजूद शिक्षा व योजना को हर दिव्यांग समाज तक पहुंचाने का संकल्प और स्वयं की दिव्यांगता को निभाया है “
बस आवश्यकता है सही मार्गदर्शन और संवेदनशीलता की”l
राज्य पुरस्कार प्रदान करते हुए माननीय मुख्यमंत्री ने कहा इसी प्रकार प्रयास करते रहो यह सम्मान राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है जिसमें शिक्षा और समाज सेवियों के योगदान को सर्वोच्चये प्राथमिकता दी जाती है
इस अवसर पर दिव्यांगता सशक्तिकरण विभाग के अधिकारी ,सहकर्मी ,दिव्यांगजन और संरक्षक उपस्थित रहे सभी ने यह स्वीकार किया एक स्वर में की अशोक कुमार जैसे समाज के लिए उदाहरण बन सकते हैं यह सम्मान हजारों दिव्यांगजन व अन्य गैर दिव्यांगजन कर्मठ व्यक्तियों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगा l
निसंदे राज्य पुरस्कार अशोक कुमार की सालों की निस्वार्थ साधना का परिणाम है यह उपलब्धियां यह संदेश देती है कि जब कर्म इमानदारी और उपदेश समाज हित का हो तो सफलता स्वयं मार्ग प्रशस्त करती हैl
अशोक कुमार को गौरवपूर्ण सम्मान, हार्दिक बधाई उनके योगदान आने वाली पीढ़ियों को निरंतर प्रेरित करता रहेगा l
अशोक कुमार (शारीरिक दिव्यांगजन), जिला गौतम बुद्ध नगर उत्तर प्रदेश l, शिक्षक दिव्यांग बच्चों के, पूर्व में बढ़ते कदम कार्यक्रम के सदस्य, पूर्व में गैर सरकारी संस्थान द्वारा दिव्यांगता गौरव रत्न पुरस्कार प्राप्त, पूर्व में द हंस फाउंडेशन द्वारा हंस चेंजमेकर अवार्ड प्राप्त l












