
आओ सुनाएं सुभाष चंद्र बोस की वीरता की कहानी
सुनी है जो मैंने लोगों की जुबानी
स्वतंत्रता संग्राम के थे प्रमुख सेनानी
23 जनवरी 1897 को उड़ीसा के कटक में जन्मे
सुभाष चंद्र बोस, आप भारत के सपूत
आजाद हिंद की आवाज हो तुम
भारत देश के के वीर पुत्र हो तुम
अंग्रेजों से लड़ने के लिए किया
आजाद हिंद फौज का गठन
उनका नारा” तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा”
उनके इस हुंकार ने बदल दिया इतिहास देश का
उनके कदमों ने देश का मान बढ़ाया
उनके सपनों ने भारत देश को सजाया
आजाद हिंद की सेना तुमने बनाई
तुम्हारी शहादत को कोई कैसे भूल सकता
तुम्हारी जयकार गूंज रही है देश में
तुम्हारी शहादत अमर है अमर रहेगा
भारत के इतिहास के पटल पर
तुम्हारी यादें सदा हमारे साथ रहेंगी
तुम्हारी वाणी ने जगाया देश को
भारत देश को समर्पित था उनका हर पल, हर सांस
उनकी वीरता और बलिदान की गाथा अमर है
ऐसे महानायक को कोटि-कोटि नमन!!
डॉ मीना कुमारी परिहार












