
विधा- कविता
रचना- मेरे बचपन की तस्वीर
रचनाकार – नंदकिशोर गौतम (माध्य. शिक्षक) जिला सिवनी
बड़ी निराली है मेरे बचपन की तस्वीर,
कितनी प्यारी , कितनी न्यारी है तस्वीर l
सबको लु-भाती है ये बचपन की तस्वीर,
कितनी मुस्काती है ये बचपन की तस्वीर ll
कितना प्यारा सा यह बचपन,
जीवन के उमंग का हिस्सा है बचपन l
खेल -कुद मे गुजरा बचपन,
कितना सुन्दर कितना प्यारा था ये बचपन ll
रंग रंगोली मे बिता ये बचपन,
नटखट नादानी का था ये बचपन l
डाट -डपट और विधा का समय था बचपन,
बड़ा सुहाना बड़ा निराला था ये बचपन ll
माँ की गोदी में पला बड़ा ये बचपन,
माँ की गोद में ही सच्चा सुख पाता बचपन l
हर समय हर जगह खुशिया पाता ये बचपन,
बड़ा निराला जीवन का पल होता ये बचपन ll













