
छत्रपति शिवाजी,मराठा सम्राट, धर्म के रक्षक तुम
भारत के गौरव हो तुम, भारत की धरती धन्य हुई पाकर
हिंदवी स्वराज्य के थे संस्थापक
जन्म लिए 19 फरवरी 1630 को मराठा परिवार में महाराष्ट्र के शिवनेरी किले में हुआ था
पिता शाहजी भोंसले के दुलारे थे
माता धर्म परायण जीजाबाई की आंखों के तारे थे
त्रिशूल धारी ,खड़क हाथ में लिए
शत्रुओं के लिए महाकाल थे
धर्म की रक्षा के खातिर बलिदान किया
छत्रपति शिवाजी ने सब कुछ कुर्बान किया
सभी धर्मों का करते थे आदर और सम्मान
हिंदू धर्म की रक्षा के लिए
छत्रपति शिवाजी ने संघर्ष किया
अन्याय और अत्याचार के खिलाफ
लड़ते रहे
वीर शिवाजी ने देश -प्रेम की अनुपम ज्योति जलाई
मलयुद्ध, भाले बरछे, तीर ,तलवार,
घुड़सवारी तथा वाण विद्या में थे प्रवीण
औरंगजेब के अत्याचारों से शिवाजी ने सबको बचाया था
हिंदू धर्म की रक्षा के लिए छत्रपति शिवाजी ने संघर्ष किया
अन्याय और अत्याचार के खिलाफ लड़ते रहे
हे मराठा सम्राट शिवाजी, आप महान योद्धा को मेरा कोटि-कोटि नमन है!
भारत के इतिहास में छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम अमर रहेगा
डॉ मीना कुमारी परिहार











