
साथी,दो जिस्म एक है जान,
साथी है तो,काम सब आसान,
मन की सारी व्यथा
साथी ही है,जो सुनता ।
ओरो के,क्या कहने,
रहते वो सदैव,छलने,
साथी,जीवन के आन,बान शान,
साथी है तो,तु है महान ।
चुन्नू साहा पाकूड झारखण्ड

साथी,दो जिस्म एक है जान,
साथी है तो,काम सब आसान,
मन की सारी व्यथा
साथी ही है,जो सुनता ।
ओरो के,क्या कहने,
रहते वो सदैव,छलने,
साथी,जीवन के आन,बान शान,
साथी है तो,तु है महान ।
चुन्नू साहा पाकूड झारखण्ड