
रोटी कपड़ा क्या मकान आज कल हर किसी को दिया है भगवान।
12 हजार का मोबाईल लेकर मार रहा हैं स्टाईल फिर भी न जाने क्यों हैं परेशान।
क्या यही जीवन है इतना सुख सुविधा होते हुए भी इंसान रहता है परेशान।
जब कि हमारे माता पिता को इतना सुख सुविधा कभी मिला भी नहीं।
फिर भी हमारे माता पिता इतना सुखी जीवन बिताया है।
मालूम है क्यों क्योंकि पहले के इंसान एक दूजे को समर्पित था।
लेकिन आज के समय में सब एक दूजे से हर समय मिलने से वंचित है।
क्योंकि ओनलाइन तो झूठे प्रेम दिखातें हैं लेकिन औफलाइन पुछता भी नहीं।
चन्दे पासवान उर्फ अलबेला जी मधुबनी बिहार से,













