
प्रेम का एक हिस्सा है,चुंबन
जिससे रोचक होता है,मन
झिझोर देता है ये,सारी बदन
लेते है जब,किसी को चुंबन
अति उत्साहित होते है जब
कोई अच्छा कार्य, करे तब
अपने हो या पराये,लोग
प्रेरित करने उसे, बने संयोग
गम मे डूबे है,कोई जब
सहानुभूति देते है उसे,तब
मन उसका होता है,हल्का
नही रहे वो,किसी से वियोग
ऐसी परिस्थिति मे,हम इंसान
तन के,किसी भाग लेते है,चुंबन
प्रकट करते है,उसके प्रति
प्रेम की हाव भाव,भक्ति
खुद को तब वो इंसान
सबो का गौरव लेते है मान
ऐसे ही दिवस मनाने की तैयारी
आयी है ,ये तेरह फरवरी
चुंबन दिवस के रूप मै सब मनाते है
प्रेम-जोडी एक दूजे को खुशी गम मे चुम लेते है
चुन्नू साहा पाकूड झारखण्ड












