
होली का त्योहार आया है,
रंगों की बरसात लाया है।
हर तरफ खुशियों की बौछार है,
मौसम में एक नया निखार है।
गुलाल की खुशबू हवा में है,
पिचकारी की धुन में मस्ती है।
हर चेहरा रंगीन हो रहा है,
दोस्तों के साथ मस्ती हो रही है।
होली के रंग में सब रंगे हैं,
भेदभाव की दीवारें गिर गई हैं।
एक दूसरे को गले लगा रहे हैं,
प्यार और भाईचारे का संदेश दे रहे हैं।
होली की रात में एक अलग ही रौनक है,
चाँदनी में रंगों की चमक है।
हर दिल में एक नई उमंग है,
होली के इस त्योहार में एक नई जिंदगी है।
होली के इस पावन अवसर पर,
हम सबको एक दूसरे के साथ जुड़ना है।
रंगों की इस दुनिया में,
हम सबको एक दूसरे के साथ मिलना है।
होली की इस खुशी में,
हम सबको एक दूसरे के साथ हंसना है।
रंगों की इस बरसात में,
हम सबको एक दूसरे के साथ नाचना है।
होली का यह त्योहार,
हमारे जीवन में एक नया रंग लाए।
हम सबको एक दूसरे के साथ,
प्यार और भाईचारे के साथ जीने का संदेश दे।
अंतर्राष्ट्रीय
हास्य कवि व्यंग्यकार
अमन रंगेला ‘अमन’ सनातनी
सावनेर नागपुर महाराष्ट्र










