Vijay Kumar
-
साहित्य
कल्प प्रगीत आनंद मंच पर मनाई गई पत्रकार एवं साहित्याचार्य पण्डित सीताराम चतुर्वेदी जयंती।
अपने जन्म दिवस पर द ग्राम टुडे समाचार पत्र समूह के संस्थापक एवं संचालक डॉ शिवेश्वर दत्त पाण्डेय जी सम्मानित।…
Read More » -
साहित्य
वादा
वादा कर गया वो बैरीवापस आने का ,हमसे प्रीत करने कासाथ निभाने काबरस कितने बीत गएना आया वो खुदना भेजा…
Read More » -
साहित्य
तिरंगे को संभाल कर रखो
तिरंगे को संभाल कर रखो लहराओ तिरंगे खूब शान सेलेकिन भूलो मत,एक बात सेसंभाल कर रखो,तुम इसेफेक कर रखो न,ऐसे…
Read More » -
साहित्य
नन्हा बचपन मेरा था
जब उतरे आंगन में धूप,प्यार से मां मुझे जगाती ।घुटबन घुटबन मैं चलता था,काला टीका माथे पे लगाती।नन्हा बचपन मेरा…
Read More » -
साहित्य
सुबह की राख और पहला प्रहार
सुबह मिहार में कभी इतनी भारी नहीं उतरी थी।सूरज उगा ज़रूर, लेकिन उसकी किरणें गाँव पर नहीं—मानो किसी अजनबी मैदान…
Read More » -
साहित्य
शहद की मिठास
पीली किरणों में छुपी वो मिठास,फूलों की आत्मा से बनी अमृत की धारा,मधुमक्खियों की मेहनत में बसी वो करुणा,शहद, जीवन…
Read More » -
साहित्य
मेरा भारत देश
शीर्षक- देश प्रेम मेरी आन है भारत ,मेरी शान है भारत ।मैं हिन्द देश का बेटा हूँ,मेरी पहचान है भारत।।…
Read More » -
साहित्य
कविता
कविता गाई नहीं जाती ,कविता तो पढ़ी जाती है ।स्वयं नहीं उभरे कविता ,कविता तो गढ़ी जाती है ।।कविता लेती…
Read More » -
साहित्य
हिंदी के अस्तित्व को बचाना हमारा कर्तव्य है – कवि संगम त्रिपाठी
वर्तमान समय में हिंदी भाषा की स्थिति क्या है वह सभी को पता है.....हम विश्व पटल पर हिंदी को स्थापित…
Read More » -
साहित्य
कामिनी नार
अरे ओ ऊपर वाले सृजनहार,रच दिया मालिक अद्भुत संसार।अजब-गजब गढ़ दी काया तैने,कंचन-कामिनी और माया तैने। दिये लंबे काले-काले बाल,लहराए…
Read More »









