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सरस्वती तू
भव-भय हारिणि, शोक विनाशिनि, रुपराशि अतुलित भारी।हे सुमुखि सुलोचनि, शशि सम आननि, सब दुख मोचनि माँ न्यारी।कमलनि-सी कोमल, शुभ्र सी…
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हमारा देश भारत और हमारी राष्ट्रीय सामाजिक कुरीतियाँ
सामाजिक कल्याण और लोक मंगल: एक विश्लेषण आज के वर्तमान परिदृश्य में मेरा और ज्यादातर निर्विवादित, निष्पक्ष और निर्भीक सोच…
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इसीलिए आई हूं।
चाँद को सोता छोड़ निकल आई हूं,सूरज को जगाना है, अंधेरा भगाना—इसीलिए आई हूं। अंधेरों ने उजाले को ढक रखा…
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शिक्षक की भूमिका
पेड़ों की जड़ों को पानी दे,वो शिक्षक है।जीवन में चलने का मार्ग बताये,वो शिक्षक है। टूटती हुई साख को,पानी का…
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पुरुषार्थ
।। कैसे लक्षित होती हैं वास्तविक सिद्धियाँ ।। १– धर्म, लक्षण और अवस्था तीनों परिणामों में संयम करने से भूत…
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थोड़ा मुश्किल है
थोड़ा मुश्किल है कहूँ या रहने दूँ—ये कहना थोड़ा मुश्किल है,तू सच है या सपना—ये जानना थोड़ा मुश्किल है। तेरी…
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अंतरराष्ट्रीय कवि नीरज चौधरी नीर की एक से बढ़कर एक प्रस्तुति
मानद उपाधि(डॉक्टरेट) – साहित्य भूषण से विभूषितदेव भूमि उत्तराखण्ड हरिद्वार के प्राचीनतम स्वास्थ्य शिक्षण संस्थान के काँगड़ी के ऐतिहासिक एवं…
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शिक्षक दिवस का महत्व आज के परिपेक्ष्य में
“जिसे देता ये जहां सम्मानजो करता है देशों का निर्माणजो बनाता है इंसान को इंसानजिसे करते हैं हम सभी प्रणाम”हमारे…
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शिक्षक दिवस पर विशेष रचना
अक्षरों का जो ज्ञान देता हैपढ़ लिखकर सम्मान दिलाता हैतिमिर मिटा उजियार फैलाता हैसही मायने में वह शिक्षक कहलाता है…
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राष्ट्रभाषा, राजभाषा, मातृभाषा, अनिवार्य भाषा
प्रस्तावनाभारत बहुभाषी और बहुसांस्कृतिक देश है, जहाँ मातृभाषा व्यक्ति की जन्मभूमि की भाषा होकर उसके संस्कारों, विचारों और भावनाओं की…
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