Uncategorized
-
अधजल गगरी छलकता जाए
“भरी गगरिया चुपके जाएअधजल गगरी छलकत जाए”अधजल गगरी छलकत जाए का अर्थ है की अल्प ज्ञान वाला व्यक्ति अधिक दिखावा…
Read More » -
पिता का प्यार
पिता वो दीपक हैं जो राह दिखाते हैं,अंधेरों में भी उम्मीद जगाते हैं। अपनी खुशियाँ पीछे छोड़ जाते हैं,हमारे सपनों…
Read More » -
पिता
वो हाथ जो मेरे सिर पर फिरता था,खुरदरा था, पर उसमें जग भर का प्यार था।कभी बोला नहीं, “थक गया…
Read More » -
अंतराष्ट्रीय योग दिवस
आज जो हम मना रहे अंतराष्ट्रीय योग दिवस |यह तो हैं एक चिंगारी का ही कमाल |जिसने मचा रखा हैं,…
Read More » -
अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस
भोग विलास के दौर हैचऊं ओर ही भौतिकता का जोर है मन की चन्चलता पर मनुष्य मजबूर हैसादा जीवन उच्च…
Read More » -
योग चालीसा।।
आज २१जून को हम सब,विश्व योग दिवस मनाते हैं।स्वास्थ्य का हम पैगाम देकर,मन्नू विश्व को राह दिखलाते हैं।। योग सदैव…
Read More » -
इंसान की शक्ल सूरत का क्या
हर इंसान दूसरे इंसान के लिये शायदअच्छा भी और बुरा भी हो सकता है,पर यह निश्चित है कि हर इंसान…
Read More » -
पिता प्रेम
प्रेम पिता का सबसे प्यारा ,हमको लगता सबसे न्यारा झूठ मूठ का हम पर चिल्लाते ,नरमी नहीं कभी भी दिखाते।।…
Read More » -
गंगांजलि साझा संग्रह राजेंद्र कुमार तिवारी को भेंट किया – कवि संगम त्रिपाठी
जबलपुर - गंगांजलि साझा काव्य संग्रह राजेंद्र कुमार तिवारी मंदसौर को उनके जबलपुर आगमन पर सौजन्य मुलाकात कर कवि संगम…
Read More » -
पितृदेवाय नमः
पिता धर्मः पिता स्वर्गः पिता हि परमं तपः।पितरि प्रीतिमापन्ने प्रीयन्ते सर्वदेवताः॥ अर्थ : पिता ही धर्म हैं, पिता ही स्वर्ग…
Read More »









