Uncategorized

  • शिक्षक

    जिसके मस्तक पर भाल प्रखर,जिससे होता नित सूर्य निखर।जिसका उत्ताप न सह कोई,कर इनका विरोध सब पड़े बिखर।। जिसके नैंनों…

    Read More »
  • दोस्ती

    सूर्य और प्रकाश की अजब दोस्ती है,कठिन मार्ग है पर सनातन की रीति है। सभी ऋतुओं में सदा साथ रहता।ना…

    Read More »
  • नीरदोष ज़िन्दगी

    अगर मंज़िल मिल जाए सफ़र में ही,सोचो अगर ऐसा हो तो क्या होगा।मुसाफ़िर अगर खुद बन जाए रास्ता ,आदमी इंसान…

    Read More »
  • परीक्षा

    प्रकृति मनुष्य की परीक्षा लेती है चाहे कोई भी क्षेत्र हो। जीवन हमें कसौटी पर कसा करता है। चुनौती दर…

    Read More »
  • “मेरे ख्यालों में”

    रहता है अक्सर आना जानातुम्हारा ! मेरे ख्यालों में।मिल जाते हैं मेरे सवालों केजवाब बस तेरे आने से। डराती थी…

    Read More »
  • “जीवन चतुष्टय में अद्वैत की ज्योति: बाल्य से ब्रह्म तक की आत्मिक यात्रा”

    भारतीय चिरपुरातन एवं नूतन अद्वैत दर्शन पर आधारित वैदिक सनातन सत्-सिद्धांत को आज प्रत्येक आयु वर्ग द्वारा अपनाना अत्यंत आवश्यक…

    Read More »
  • विषय, एक मुट्ठी आसमान

    समय भी नहीं रुकता, युग बीता जाताहौसला है टूटता। हिम्मत हारे स्त्रीमनढूंढती है दिन-दिनपथ, होकर के उन्मन। जब भी पंख…

    Read More »
  • वेदारम्भसंस्कार

    वेदारम्भका तात्पर्य तथा सामान्य विधान—प्रायः उपनयन-संस्कार के ही दिन वेदारम्भ-संस्कार कर लेते हैं । जैसा कि वेदारम्भ– इस नामसे ही…

    Read More »
  • तुलसी जयन्ती

    तुलसी जयन्ती एवम् “काव्यायनी” की 42वीं वर्षगाँठ पर “तुलसी साहित्य अकादमी” वाराणसी-शाखा एवं “वरुणोत्तरा” साहित्यक संस्था के संयुक्त तत्वावधान में…

    Read More »
  • शीर्षक: मेरी पहचान

    मेरी बस इतनी सी पहचान हैं,,किसी की बेटी हूं मैं, किसी की बहु मैं,,किसी की पत्नी हूं मैं, किसी की…

    Read More »