
कहीं धूप कहीं है छाया कहीं टुटा है मकान
भगवान रे भगवान तेरी महिमा है महान
कोई हंसता रोता किसिका टूटा है अरमान
भगवान रे भगवान तेरी महिमा है महान
तूं हीं आग और पानी है तूं हीं परेशानी है
तूं हीं इस जीवन का तूं हीं एक कहानी है
तूं हीं आत्मा परमात्मा है जाने हैं जहांन
भगवान रे भगवान तेरी महिमा है महान
तूं हीं दया माया है और तूं हीं दयावान है
तूं हीं इस धरती का तूं हीं एक भगवान है
तूं हीं जीवन मृत्यु है और तूं हीं जीवन दान
भगवान रे भगवान तेरी महिमा है महान
तूं हीं दिन और रात है तूं हीं सूखा बरसात है
तूं हीं अंत अनंत है और तूं हीं आदिनाथ है
सुबह शाम हर घड़ी अलबेला करें गुणगान
भगवान रे भगवान तेरी महिमा है महान
चन्दे पासवान उर्फ अलबेला जी मधुबनी बिहार से,












