Vijay Kumar
-
साहित्य
बाल स्वरूप में प्रभू स्वयं बसते हैं
त्रेता में बाल बुद्धि लक्ष्मण जी सेपरशुराम जी ने मुँह की खाई थी,द्वापर में बालक श्रीकृष्ण जी ने,कंस की महिमा…
Read More » -
साहित्य
कर्म-पथ पर चलकर हम,
कर्म-पथ पर चलकर हम, छू लें नव आकाश।श्रम की ज्योति से जगमग हो, जीवन का विश्वास। काँटों से मत हार…
Read More » -
साहित्य
बरसात में
रिमझिम रिमझिम पानी बरसे,ठंडी चले बयार। मस्ती भरा सावन आया, कर लो साजन प्यार।। सुख में दुख में सारे जीवन,रहूंगी…
Read More » -
साहित्य
नवाचारी शिक्षिका श्रीमती रीना पटले टीचर प्राइड अवार्ड 2026 से जबलपुर में हुई सम्मानित
शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों को सम्मानित करने के उद्देश्य से डिजिटल भारत मीडिया द्वारा डॉ.…
Read More » -
साहित्य
कविता
खतरनाक समंदर मन के अंदर लील रहा नित पीर पैगंबर!जो भी निज मन पाप दिखाए भींच दे वह सब पाप…
Read More » -
साहित्य
कविता
जिस औरत के नजर में पति से बडकर पैसा हैवह औरत मेरी नजर में वैश्या हैजो औरत अपने पति परमेश्वर…
Read More » -
साहित्य
मुंबई की क्या करेंगे बात
मुंबई की क्या करेंगे बातकोकड़ी नाला भी है सौगात,बरसात आते ही रास्ते डूबें,आना-जाना फिर संभव नहीं। स्कूल, मज़दूर, किसान सभी,हर…
Read More » -
साहित्य
साहित्यकार, शिक्षक सुनील कुमार खुराना सहारनपुर ने उच्च प्राथमिक विद्यालय बाधी में किया वृक्षारोपण
पर्यावरण और संरक्षण हरियाली को बढ़ावा देने के लिए क्षेत्र के प्रसिद्ध कवि ,लेखक और शिक्षक सुनील कुमार खुराना ने…
Read More » -
साहित्य
समाज का दर्पण
समाजिक वस्तुस्थिति का सही अध्ययन ही समाज का दर्पण होता हैअच्छाई बुराई का समाजिक परिवेश मे संतुलित पदार्पण होता है…
Read More » -
साहित्य
गवाह
फ़िक्र किसको कितनी है, दूरियां बताती हैयाद कौन करता है हिचकियां बताती है लफ्ज़ नहीं बोलते फिर भी सब बयां…
Read More »









