Vijay Kumar
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साहित्य
इंटर्नेट का विकास व नैतिकता
विकास के इस जमाने में आज,हम इतने आगे निकल चुके हैं,कि इंटर्नेट में इतने रम गए हैं,कि अपने आप में…
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साहित्य
उत्तराखण्ड के हिन्दी भाषा महोत्सव में गूंजी राजस्थान की बेटी की आवाज
रुद्रपुर। उत्तराखण्ड भाषा संस्थान, देहरादून एवं बुलंदी साहित्यिक सेवा समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित राष्ट्रीय हिन्दी भाषा महोत्सव में…
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साहित्य
आधे-अधूरे ख़्वाब
छप्पन बरस की राह में, कितने बदले हिसाब,हँसते-रोते संग चले, मेरे आधे-अधूरे ख़्वाब।कुछ पूरे होकर खिल उठे, कुछ अब भी…
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साहित्य
प्रथम काव्य-सृजन की स्मृतियों से सजी 255वीं कल्पकथा साप्ताहिक काव्यगोष्ठी सम्पन्न
प्रभु श्री राधा गोपीनाथ जी महाराज की कृपा से संचालित राष्ट्र प्रथम हिन्दी भाषा, साहित्य एवं सनातन संस्कृति समर्पित कल्पकथा…
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साहित्य
संकट हर लो सारी
मोहन मदन मुरारी सुन लो,गोवर्धन गिरधारी!आया शरण तुम्हारे रसिया,संकट हरलो सारी!! भव बाधा से मुक्त रहूं मैं,नटवर लीला धारी!बालक तेरा…
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साहित्य
हनुमान वंदना – दोहे
पवन सुत बलधाम अति,संकट हरन कृपाल।।रामदूत रघुवर सखा,काटहु कष्टहि जाल।। कंचन वदन तेजस्वी,अचल भक्ति आगार।सीता खोजि लाए प्रभु,सागर लाँघ अपार।।…
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साहित्य
कुंदन: आग से निकली पहचान
डाक्टर दीपक गोस्वामीमानवीय व्यवहार वैज्ञानिक आप देश के चर्चित लेखक,मोटिवेशनल स्पीकर, ट्रेनर,सामाजिक कार्यकर्ता है। बिल्कुल सही। यही नाम है तुम्हारा।…
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साहित्य
भाग्य का लेखा
बंधक रखे खेत को उसने जोता होता,कितनी आशाओं को उसमें बोता है।माथे पर पसीना, आँखों में जल,फिर भी धरती से…
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साहित्य
नटवरनागर श्याम
गोवर्धनधारी,मुरलीधारी, नटवरनागर श्याम।माधव गिरधारी,हरि बनवारी, दामोदर सुखराम।।हे कृष्ण मुरारी, कुंजबिहारी, गोविंदा घनश्याम।हे नंद दुलारे, यशुमति प्यारे, काम जनक सुखधाम।। सुन्दर…
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साहित्य
जिंदगी के कुछ महत्वपूर्ण बातें
त्राहि त्राहि मच गया है देखों पानी बिन अब चारों ओर, ऐ सावन कब तु बरसेगा अब कब करेगा रिमझिम…
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