Vijay Kumar
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साहित्य
प्रभाती वंदन के साथ चंद दोहा मुक्तक
शंख चक्र कर में लिए,शैया शेष निवास।चरणों में प्रभु ठाँव दो,दूर रहो या पास।करुँ भजन नित आपका, रहूंँ न मद…
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साहित्य
झांसी की रानी
मणिकर्णिका नाम था, घर में मनु कह बतराई।नाना के साथ खेली और की। संग पढ़ाई।। मां भागीरथी पिता मोरोपंत जीनने…
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साहित्य
तख्त हिलेंगे
जब मैं बोलूँ तो सन्नाटा चीख़ उठे,लफ़्ज़ों के पत्थर से शीशे का महल टूटे। मैं वो आग हूँ जो पानी…
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साहित्य
आर्यावर्त की अनुपमाएँमाँ से चन्द्रमा तक
इस कृति में भारत की वो मातृशक्तियों का व्यक्तित्व वर्णन है जिन्होनें भारत में प्रथम अग्रणी रही।चाहे शिक्षा /जनकल्याण /राजनीति…
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साहित्य
भारतीय वीरांगना लक्ष्मीबाई
लक्ष्मीबाई, झांसी की रानीवीरता की प्रतीक,उनकी वीरता की कहानी, इतिहास में सुनहरा,कभी डरी ना जो दुश्मन से, ना जाँ की…
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साहित्य
कवियत्री मेघा अग्रवाल व बाल कवियत्री मिहूं अग्रवाल यह माँ बेटी की जोड़ी नागपूर का गौरव है।
जुगलबंदी यूट्यूब पर लाइव पर अपनी रचनाओं का पाठ करके माँ बेटी की इस जोड़ी ने नागपूर को गौरव प्रदान…
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साहित्य
खड़ावदा का घमासान
खड़ावदा में मुक्तिधाम को हुआ घमासान,हर मोड़ पर छला गया आम इंसान।छल-कपट के रचे गए यहाँ प्रपंच,पर इस पूरे प्रकरण…
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साहित्य
हल्दीघाटी का सूरज: महाराणा प्रताप
पगड़ी मेवाड़ी, मूंछों पर ताव था,अकबर के दरबार में जो न झुका, वो घाव था।घास की रोटी खाई, पर आन…
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साहित्य
वीरता के अमर प्रतीक – महाराणा प्रताप
अरावली के शौर्य शिखर, मेवाड़ के अभिमान थे,मातृभूमि की रक्षा हेतु, प्रताप स्वयं बलिदान थे। झुकना जिनको स्वीकार न था,…
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साहित्य
हज़ारों कांटों से दामन चमन का सजा लिया,
हज़ारों कांटों से दामन चमन का सजा लिया,गुलों से छीनकर रंग बारूद में मिला लिया।। 🌳वो पूछते हैं कि धरा…
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