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हे गणपति
हर लो कष्ट हे गणपति, मिटें सभी संताप।लीन भक्ति में ही रहें, कट जाएं सब पाप।।गणपति की आराधना,करती शूल को…
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बदली सूरत इधर जमाने की है
बिना व्यापार किये कुछ भी नहीं,शिक्षा व स्कूल ज्ञान के लिए नहीं,चिकित्सा व डाक्टर रोगी के नहीं,अब नेता-मंत्री जनता के…
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विषय हिन्दी दिवस।
हर जुबां से बोली जाती है,अपनी प्यारी भाषा हिन्दी।हर क्षेत्र में बोली जाती है,अपनी प्यारी भाषा हिन्दी। अनेकों भाषा के…
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आओ लड़े
हिंदू लड़े ,,,,,हिंदू सेआंतरिक युद्ध लड़ रहेरक्त रंजित तलवारे ये खींचेंगेनहीं स्वतंत्र होना किसी सेबस अभिमान की रेखा खींचेंगे।। मर…
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गवां बैठे!
वो ज़माने हम गंवा बैठे,वो ख़ज़ाने हम गंवा बैठेआज कुछ नहीं जोड़ने को,सलीक़े पुराने हम गंवा बैठे।। महफ़िलें तो सजी…
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हिंदी के गौरव-गान से गूँजी कल्पकथा की 264वीं काव्यगोष्ठी, राष्ट्रभाषा चेतना ने रचा साहित्यिक उत्सव
प्रभु श्री राधा गोपीनाथ जी महाराज की कृपा से संचालित राष्ट्र प्रथम, हिन्दी भाषा, सनातन संस्कृति, एवं सद साहित्य हेतु…
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घर-घर श्री गणेश
हम सब अपने घर मिट्टी के गणेश ही लाए |ताकि पर्यावरण की सुरक्षा हम कर पाए |नदी में न विसर्जित…
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कविता
जीवन उपयोगी बनी, भाषा है अनमोल।पावन कालिन्दी सरिस, मधुरिम इसके बोल।स्वर्णिम प्रत्यूषा लिए, समरसता का भाव,दीप्तिमान सारा जगत, हिय पट…
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वक्रतुंड
शीर्षक – वक्रतुंड आए मेरे द्वार वक्रतुंड आए मेरे द्वार,लेकर मंगल की बहार।गूँजे जय-जय गणपति नाम,रोशन हो मेरा संसार। सिंदूर…
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हिंदी : भावनाओं का सेतु
“हिंदी : भावनाओं का सेतु” भाषा मनुष्य के विचारों और भावनाओं को व्यक्त करने का सबसे सशक्त माध्यम है। संसार…
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