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  • सिसकती मानवता(लघुकथा)

    “माँ मुझे भूख लगी है कुछ खाने दो न।”” हां बेटा अभी देती हूं “कहते हुए उसने अपने थैले से…

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  • माता पिता

    वे हमको जन्म देनेवाली हैवे पालन पोषण करते हैंवे अच्छी आदत सिखाती हैवे नैतिक विषय बता सकते है। वे नित…

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  • जब खफा नही खता किससे करोगे

    विधा- गज़ल जब खफा नही खता किससे करोगेए दिल बता वफ़ा किससे करोगेतरबियत जरा नासाज़ है तो क्या गमजिगर एक…

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  • हमारी प्यारी माँ।।

    माँ की ममता न्यारी है,वो खुशियाँँ देती सारी है ।हम सबकी वो दुलारी हैं।हमारी प्यारी वो फुलवारी है।। उठना बैठना…

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  • प्यारे श्याम तेरा सहारा।।

    मीरा के तुम गिरधर नागर,रूकमण के प्यारे घनश्यामराधा के तुम कृष्ण कन्हैया,मेरे प्यारे नटवर नन्दकिशोर।। बालपन मे यूंं असुर संहारे,हमारे…

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  • अच्छी संगति : अच्छे विचार

    जमीन अच्छी हो, खाद अच्छी हो,पानी खारा हो, तो फूल नहीं खिलते,वैसे ही भाव अच्छे हों, कर्म अच्छे हों,वाणी खराब…

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  • अपनी कविता स्वयं बन जाओ

    ” कविता को कहते रहने से, आगे अब तुम बढ़ जाओ ““कविता को बस लिखो नहीं ,तुम अपनी कविता स्वयं…

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  • आचरण

    आचरण ही वह दर्पण है,जहाँ प्रतिबिंब तुम्हारा बनता है।अज्ञानी का यही आचरण,उसे प्रताड़ित करता है। सुंदर और पवित्र आचरण,मानव को…

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  • आइसक्रीम और मोहब्बत

    मिठास तेरी मोहब्बत की जैसे आइसक्रीम में चीनी समा जाती है,रंग तेरी मोहब्बत का जैसे आइसक्रीम में केसर निखर जाता…

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  • मन भीतर नारायण मंदिर

    मन भीतर नारायण मंदिरस्वास हमारी पूजानर सेवा नारायण सेवाकाम ना जानू दूजासार संकलकडाक्टर दीपक गोस्वामीमानवीय व्यवहार वैज्ञानिकसमन्वयक।आदर्श संस्कार शाला परिवार,भारतआप…

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