Vijay Kumar
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साहित्य
काशी विश्वनाथ मंदिर के रोचक तथ्य
“ऊं नमः पार्वतीपतयेहर हर महादेव ““शिव सृजन है और विनाश भीशिव मंदिर है और श्मशान भीशिव आदि हैं और अनंत…
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साहित्य
दुर्मिल सवैया
विषय: शिवमासविधा: दुर्मिल सवैया। मन भावन ये शिव मास सखे,बरखा ऋतु का मधुमास रहे।कर जोड़ उपासक आस लखे,रख भाव सदा…
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साहित्य
जीवन-दर्शन
(सावन का सातवाँ दिन) जीवन एक दर्पण है—आप उसमें जो भाव रखते हैं, वही आपको लौटकर मिलता है। इसलिए मन…
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साहित्य
गुरु पूर्णिमा वंदना
गुरु कृपा के सागर हैं, गुरु ज्ञान का प्रकाश,उनकी वाणी से मिटे, जीवन का हर त्रास। गुरु ही ब्रह्मा, गुरु…
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साहित्य
छपक-छपक
छपक-छपक बाल-कविताबरखा आई रिमझिम-रिमझिम, बूँदें मोती जैसी।कूद पड़े सब बच्चे हँसकर, खुशियाँ आईं कैसी। कागज़ की इक नाव बनाकर, बहते…
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साहित्य
कविता
सड़क किनारे की चाय सुकून ए राहत सी होती है !छोड़कर फिक्र मंजिल की तरबीयत भी ताक पे होती है…
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साहित्य
पंख
तेरे प्रेम के पंख जब, मन-आँगन पर आए,सूने जीवन के सभी, कोने फूल खिलाए। तेरी चितवन की किरण, भोर नई…
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साहित्य
प्रेम
हिमालय की गोद में जन्मी एक चाह,मन में बस एक ही नाम—महादेव,नयन बंद कर हर श्वास में पुकारा,“स्वामी… तुम ही…
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साहित्य
आजमां कर देख लो,
आजमां कर देख लो,गर दिल गवाह दे तो, आवाज़ लगा कर देख लो,गर साथ हवा दे तो। । मैं वहां…
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साहित्य
साँझ ढली जब तेरा ख़याल आया
तुझको देखा तो इश्क़ याद आया,साँझ ढली जब तेरा ख़याल आया। नज़र मिली थी जब तुमसे पहली,दिल में जाने कैसा…
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